जबतक रोग न मिटे, श्रद्धापूर्वक जप करते रहे

"अच्युताय नमः,अनन्ताय नमः,गोविन्दाय नमः"
इस मन्त्र के निरन्तर जप से समस्त रोग दूर हो जाते हैं। जबतक रोग न मिटे, श्रद्धापूर्वक जप करते रहे। इस मन्त्र के सतत जप से असाध्य रोग भी दूर हो जाते हैं। यह अनुभूत प्रयोग है।
~ब्रह्मलीन जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी श्रीनिरंजनदेवतीर्थजी महाराज 

अच्युताय नमः- जो कभी चुय्त नहीं होते (अविनाशी)।
गोविन्दाय नमः-जिनकी सत्ता से इन्द्रियाँ विचरण करती हैं।
अनंताय नमः- जिसकी सत्ता से शक्ति, सामर्थ्य व कृपा का कोई अंत नहीं।
इस मंत्र से अभिमंत्रित करके गंगा जल या तुलसी के पत्ते खाएं या दूसरों को दें।

अच्युताय गोविन्दाय अनन्ताय नामभेषजाम्
नश्यन्ति सर्व रोगाणि सत्यं सत्यं वदाम्यह्म्।

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